ठंडे बस्ते में पड़ी पीएम आवास योजना घोटाले की जांच… अधिकारियों ने साधी चुप्पी…

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चतरा : जिले के हंटरगंज सर्कल के कर्मा पंचायत के बारा और कोण गांवों के मछुआरों को दो-पक्के घरों को आवंटित करने के मामले की जांच पर ठंडे बस्ते में पड़ी दिख रही है। जांच को पूरा करने के लिए दो दिनों का टाइम फ्रेम तय किया गया था। हालांकि, एक महीने बाद भी वह पूरी नहीं हो सकी है। मामले में BDO की भूमिका और घोटाले में संबंधित अनुभाग के पंचायत सचिव संदेह के घेरे में है।

मामले में, डीडीसी ने तत्काल संज्ञान लिया और जिला ग्रामीण विकास एजेंसी के परियोजना कार्यालय के पदाधिकारी रूपेश कुमार तिवारी को जांच की जिम्मेदारी सौंपी गई। उन्हें दो दिन के भीतर जांच रिपोर्ट समर्पित करने का निर्देश दिया गया था। वह मामले की जांच के सिलसिले में संबंधित गांव तक गए, मगर पड़ताल किए बिना ही लौट गए। हंटरगंज प्रखंड कार्यालय गए, वहां बीडीओ से बात भी की, मगर संबंधित लाभुकों के अभिलेख नहीं खंगाले। उनके इस तरह बिना जांच किए लौट जाने को स्थानीय बुद्धिजीवी एवं सामाजिक कार्यकर्ता संदेह की नजर से देख रहे हैं। उन्हें शक है कि जांच अधिकारी कहीं मामले पर पर्दा तो नहीं डालना चाह रहे हैं।

पीएम आवास योजना के कुछ लाभुक…

 राजेंद्र प्रसाद बारा मछुआ आवास जेएच 2772725, दिनेश चौधरी बारा मछुआ आवास जेएच 1265288, प्रमेश्वर चौधरी बारा मछुआ आवास जेएच 1615877, गरजू चौधरी बारा मछुआ आवास जेएच 1241247, नवल चौधरी बारा मछुआ आवास जेएच 2027665, सूर्यदेव चौधरी बारा मछुआ आवास जेएच 2820378, शिव चौधरी बारा मछुआ आवास जेएच 2771602, मनोज चौधरी बारा मछुआ आवास जेएच 2773038, महेंद्र साहनी बारा मछुआ आवास जेएच 2775848, सरिता देवी को मिला पीएम आवास निबंधन संख्या जेएच 2778718 पति नांदू चौधरी को मिला मछुआ आवास, मनेतरी देवी को मिला पीएम आवास निबंधन संख्या जेएच 2777420 पति शिवल चौधरी को मिला मछुआ आवास, प्रतिमा देवी को मिला पीएम आवास निबंधन संख्या जेएच 2814026 पति कृष्णा चौधरी को मिला मछुआ आवास। 

जांच की रिपोर्ट अब तक नहीं मिली है। जब तक जांच रिपोर्ट नहीं मिलती है, तब तक उस पर कुछ कहना उचित नहीं होगा- सुनील कुमार सिंह, डीडीसी, चतरा।

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